श्री वाराही देवी ध्यानम मंत्र । Sri Varahi Dhyanam

हिन्दू साहित्य की भूषित चादर में, प्रत्येक देवता एक अद्वितीय धागा बुनता है जो भक्तों को दैवीय से जोड़ने का मार्ग प्रदान करता है। श्री वाराही देवी एक ऐसी पूजनीय देवी है , जो शक्ति, सुरक्षा और ब्रह्मांडीय ऊर्जा की अवतार है। उनका दिव्य साक्षात्कार शास्त्रों में ही नहीं, बल्कि ध्यान के प्रयास के माध्यम से भी अनुभव किया जा सकता है।

श्री वाराही देवी ध्यानम

पाथोरुहपीठगतां पाथोरुहमेचकां कुटिलदंष्ट्राम् ।
कपिलाक्षित्रितयां घनकुचकुम्भां प्रणत वाञ्छितवदान्याम् ।
दक्षोर्ध्वतोऽरिखङ्गां मुसलमभीतिं तदन्यतस्तद्वत् ।
शङ्खं खेटं हलवरान् करैर्दधानां स्मरामि वार्तालीम् ।

Sri Varahi Dhyanam in English

Pathoruhapithagatam pathoruhamechakam kutiladanshtram.
Kapilakshitritayam ghanakuchakumbham pranat vaanchhitavadanyam.
Dakshordhvato’rikhangam musalambheetim tadanyatastadvat.
Shankham khettam halavaran karairdadhanam smarami vaartalim.

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हिंदी अनुबाद

पाथोरुहपीठगतां पाथोरुहमेचकां कुटिलदंष्ट्राम्:

पत्थर के सीने में बैठी हुई और पत्थर की मूर्ति, कुटिल दंतों वाली धरा की छटा हुई है।

कपिलाक्षित्रितयां घनकुचकुम्भां प्रणत वाञ्छितवदान्याम्:

तीनों लोकों में प्रशंसा पाने वाली, विशाल और कुम्भकर्ण से सुसज्जित मूर्ति, जिसे प्रणाम किया जाता है और जो वारदान देने वाली है।

दक्षोर्ध्वतोऽरिखङ्गां मुसलमभीतिं तदन्यतस्तद्वत्:

जिसका शरीर ऊपर से नीचे और सभी दिशाओं में दर्शन होता है, जिसे मौली से ढका गया है, और जिसका भय अन्य से भिन्न है।

शङ्खं खेटं हलवरान् करैर्दधानां स्मरामि वार्तालीम्:

जिन्होंने शंख, खेट, हल, और अन्य युद्धकुशल उपकरणों को हाथों में लिए हुए, सुरक्षा की बजाय, वार्ताली की याद की है।

इसका सारांश है कि यह श्लोक जैन धर्म के महावीर भगवान की महिमा, बल, और धैर्य को बयान करता है।

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English Translation

Pathoruhapithagatam pathoruhamechakam kutiladanshtram:

“Sitting on a stone seat, with a crooked tooth in her mouth.”

Kapilakshitritayam ghanakuchakumbham pranat vaanchhitavadanyam:

“The one adorned with three eyes, a big bosom, and a pot-like belly, fulfilling the desired wishes of the devotees.”

Dakshordhvato’rikhangam musalambheetim tadanyatastadvat:

“With a right-sided tilted neck, frightened by a mouse, similar to that of another.”

Shankham khettam halavaran karairdadhanam smarami vaartalim:

“Holding a conch, a plough, a ploughshare, a pestle, and other weapons in her hands, I remember the one who grants boons.”

श्री वाराही देवी ध्यानम Pdf

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